मुंबई, 13 मई । संत नीम करोरी बाबा पर आधारित फिल्म ‘श्री बाबा नीब करोरी महाराज’ को आखिरकार सेंसर बोर्ड से मंजूरी मिल गई है। सुबोध भावे स्टारर इस फिल्म को सर्टिफिकेट मिलने में काफी देरी हो रही थी, जिसके बाद निर्माताओं ने बॉम्बे हाई कोर्ट में रिट पिटीशन दायर कर दी। कोर्ट में याचिका दायर होते ही सेंट्रल बोर्ड ऑफ फिल्म सर्टिफिकेशन में हड़कंप मच गया और अधिकारियों ने जल्दबाजी में फिल्म को सर्टिफिकेट जारी कर दिया।
फिल्म निर्माताओं का आरोप है कि उन्होंने फिल्म को ‘तत्काल’ श्रेणी में आवेदन किया था, जिसमें नियम के मुताबिक आठ दिनों के अंदर सर्टिफिकेट जारी होना चाहिए था। इसके बावजूद सेंसर बोर्ड के अधिकारी लगातार देरी करते रहे।
मूल रूप से फिल्म 24 अप्रैल को रिलीज होने वाली थी, लेकिन सर्टिफिकेट न मिलने के कारण रिलीज टालनी पड़ी। जब निर्माताओं ने हाई कोर्ट का रुख किया तो सेंसर बोर्ड के दफ्तर में अफरा-तफरी मच गई।
सूत्रों के अनुसार, जैसे ही अधिकारियों को पता चला कि मामला अदालत पहुंच गया है, उन्होंने तुरंत प्रक्रिया पूरी कर सर्टिफिकेट जारी कर दिया। निर्माताओं का कहना है कि अगर कोर्ट नहीं जाते तो शायद यह देरी और लंबी खिंच जाती।
निर्देशक शरद सिंह ठाकुर ने राहत व्यक्त करते हुए कहा, “हमने तत्काल श्रेणी में आवेदन किया था, लेकिन बोर्ड ने हमारी फाइल को जानबूझकर लटकाए रखा। कोर्ट में याचिका दायर होने की खबर मिलते ही उनकी घबराहट साफ दिखाई देने लगी। अधिकारियों को यह पता चला कि हमने हाई कोर्ट में रिट पिटीशन दायर कर दी है, तब वे सक्रिय हुए। यह केवल कोर्ट के हस्तक्षेप के डर से ही हुआ कि उन्हें सर्टिफिकेट जारी करने के लिए मजबूर होना पड़ा। यह सत्य और न्यायपालिका की शक्ति की जीत है।”
फिल्म में सुबोध भावे के अलावा हितेन तेजवानी, समीक्षा भटनागर, हेमंत पांडे और अनिरुद्ध दवे जैसे कलाकार मुख्य भूमिकाओं में हैं। फिल्म को बलराम गर्ग, बलवीर सिंह, शरद सिंह ठाकुर, खड़क सिंह गौर और नीलम सिंह ने प्रोड्यूस किया है। इसे पीसी ज्वेलर्स और बीएसआर फिल्म प्रोडक्शंस के सहयोग से अनीशा फिल्म्स इंटरनेशनल प्रस्तुत कर रही है।

