नई दिल्ली, 13 मई । देश भर के कई हिस्सों में तेजी से बढ़ती गर्मी शारीरिक व मानसिक कई समस्याओं की वजह बनती जा रही है। थकान और तनाव के साथ ही पाचन से संबंधित समस्याएं आम बात है। ऐसे में हेल्थ एक्सपर्ट लोगों को गुड़हल की चाय के सेवन की सलाह देता है, जो बेहतरीन प्राकृतिक उपाय साबित हो सकती है। सुंदर लाल रंग के गुड़हल फूल से बनी चाय न सिर्फ तन-मन को शीतलता प्रदान करती है, बल्कि कई गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं से भी बचाव करती है। भारत सरकार का आयुष मंत्रालय भी गुड़हल की चाय को सेहत के लिए बेहद फायदेमंद बताता है। गुड़हल का फूल देवी-देवताओं को प्रिय होता है। वहीं, इसके औषधीय गुण प्राचीन आयुर्वेद में भी बताए गए हैं। गर्मियों में जब शरीर में गर्मी बढ़ जाती है और तनाव का स्तर ऊंचा रहता है, तब गुड़हल की चाय पीना बहुत राहत देता है। यह चाय शरीर को ठंडक पहुंचाती है और मन को शांत रखती है।

गुड़हल की चाय के सेवन से ब्लड प्रेशर नियंत्रित करता है, हाई ब्लड प्रेशर के मरीजों के लिए यह चाय बहुत उपयोगी है। यह रक्त वाहिकाओं को आराम देती है और प्राकृतिक रूप से ब्लड प्रेशर को कम करती है। इसमें मौजूद एंटीऑक्सीडेंट बैड कोलेस्ट्रॉल को घटाते हैं और दिल की बीमारियों के खतरे को कम करते हैं। यह वजन घटाने में भी कारगर है, यह मेटाबॉलिज्म को तेज करती है और शरीर से अतिरिक्त पानी व नमक निकालने में सहायक होती है। कम कैलोरी होने के कारण डाइटिंग करने वालों के लिए यह आदर्श पेय है।

इसके सााथ ही गुड़हल की चाय डायबिटीज के मरीजों के लिए भी फायदेमंद है, यह इंसुलिन संवेदनशीलता बढ़ाती है और ब्लड शुगर को स्थिर रखने में मदद करती है। साथ ही लिवर और इम्युनिटी के लिए भी बेहतर है। चाय लीवर को स्वस्थ रखती है और रोग प्रतिरोधक क्षमता को मजबूत करती है।

गुड़हल की चाय बनाना बहुत आसान है। सूखे गुड़हल के फूलों को गर्म पानी में 5-7 मिनट उबालकर या भिगोकर पी सकते हैं। स्वाद के अनुसार चाय में शहद या थोड़ा नींबू मिलाया जा सकता है। दिन में 1-2 कप पीना पर्याप्त है। हालांकि, इसका सेवन शुरू करने से पहले आयुर्वेदाचार्य या डॉक्टर से सलाह जरूर लें। गर्भवती महिलाओं, कम ब्लड प्रेशर वाले लोगों और कुछ दवाइयां लेने वाले मरीजों को विशेष सावधानी बरतनी चाहिए।