विरासत कला उत्सव के दूसरे दिन शिव जीवन-दर्शन पर आधारित नृत्य नाट्य ने मोहा मन

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छतरपुर। स्थानीय ऑडिटोरियम में उत्तर मध्य सांस्कृतिक केंद्र, प्रयागराज एवं जिला प्रशासन छतरपुर के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित सात दिवसीय सांस्कृतिक विरासत कला उत्सव के दूसरे दिन अध्यात्म और कला का अद्भुत संगम देखने को मिला। बुधवार शाम करीब 7 बजे दीप प्रज्वलन के साथ कार्यक्रम का शुभारंभ हुआ, जिसमें मुख्य अतिथि के रूप में मध्य प्रदेश आजीविका मिशन के जिला संयोजक श्याम गौतम, आकाशवाणी कार्यक्रम प्रमुख रविंद्र प्रजापति, महाराजा छत्रसाल बुंदेलखंड विश्वविद्यालय के डीसीडीसी ओ.पी. अरजरिया, वरिष्ठ गांधीवादी प्रेम नारायण मिश्रा, वरिष्ठ पत्रकार सुरेंद्र अग्रवाल, दूरदर्शन संवाददाता रशीद खान एवं समाजसेवी संजय शर्मा उपस्थित रहे।
कार्यक्रम में दिल्ली से आई अन्वेषणा समिति की निर्देशिका संगीता शर्मा के निर्देशन में “आदि अनन्त” नृत्य नाट्य की भावपूर्ण प्रस्तुति दी गई। कलाकारों ने नृत्य, संगीत और सशक्त भाव-भंगिमाओं के माध्यम से भगवान शिव के साकार और निराकार स्वरूप को तीन कथाओं में जीवंत किया। शिव के आदि, अनन्त और सर्वव्यापी रूप की प्रभावशाली प्रस्तुति ने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया, जिसे तालियों की गड़गड़ाहट के साथ सराहा गया। उल्लेखनीय है कि जिला प्रशासन द्वारा DATCC के सहयोग से इस उत्सव का आयोजन किया जा रहा है, जिसमें स्थानीय संयोजन शिवेन्द्र शुक्ला एवं शंखनाद नाट्य मंच का है।
उत्सव की कड़ी में गुरुवार को भोपाल के वरिष्ठ रंगकर्मी एवं फिल्म कलाकार संजय मेहता के निर्देशन में नाटक ‘संत तुकाराम’ की प्रस्तुति होगी।
