नई दिल्ली। भारत और श्रीलंका के बीच दो मैचों की टेस्ट सीरीज का आगाज शनिवार (15 अगस्त) से होने जा रहा है। सीरीज का पहला टेस्ट मैच गॉल इंटरनेशनल क्रिकेट स्टेडियम में खेला जाना है। कप्तान शुभमन गिल के सामने श्रीलंका के खिलाफ भारतीय टीम के दमदार रिकॉर्ड को बनाए रखने की मुश्किल चुनौती होगी। वहीं, मेजबान टीम भारतीय बल्लेबाजों को स्पिन के चक्रव्यूह में फंसाने की पूरी कोशिश करेगी। भारत और श्रीलंका के बीच अब तक कुल 46 टेस्ट मैच खेले गए हैं। इसमें से 22 मुकाबलों में जीत टीम इंडिया के हाथ लगी है, जबकि श्रीलंका ने 7 मुकाबलों में जीत दर्ज की है। 17 मुकाबलों का अंत ड्रॉ के रूप में हुआ है। खास बात यह है कि भारतीय टीम ने पिछले 11 साल में श्रीलंका के खिलाफ कोई भी टेस्ट मैच नहीं गंवाया है। भारत को श्रीलंका के हाथों क्रिकेट के सबसे लंबे फॉर्मेट में आखिरी हार साल 2015 में मिली थी। इसके बाद से खेले गए 10 टेस्ट मैचों में भारत ने 8 में जीत हासिल की है, तो दो मुकाबले ड्रॉ रहे हैं।

श्रीलंका की धरती पर भारत ने कुल 24 टेस्ट मैच खेले हैं, जिसमें से टीम को 9 मुकाबलों में जीत मिली है। वहीं, 7 मैचों में भारतीय टीम को हार का सामना करना पड़ा है। 8 मुकाबले ड्रॉ रहे हैं। भारतीय टीम श्रीलंका दौरे पर टेस्ट सीरीज खेलने के लिए आखिरी बार साल 2017 में गई थी, जहां विराट कोहली की कप्तानी में भारत ने श्रीलंका को 3-0 से रौंदा था।

भारतीय टीम की बल्लेबाजी का दारोमदार काफी हद तक शुभमन गिल और केएल राहुल के कंधों पर होगा। वहीं, टीम मैनेजमेंट यशस्वी जायसवाल, ऋषभ पंत और रवींद्र जडेजा से भी बल्ले से अहम योगदान की उम्मीद करेगी। साई सुदर्शन की गैरमौजूदगी में नंबर तीन पर देवदत्त पडिक्कल को मौका मिल सकता है। हालांकि, बुमराह की गैरमौजूदगी में मोहम्मद सिराज, प्रसिद्ध कृष्णा और गुरनूर बरार की तिकड़ी के सामने अच्छा प्रदर्शन करने की चुनौती होगी। भारतीय टीम कुलदीप यादव, मानव सुथार और जडेजा की स्पिन जोड़ी के साथ पहले टेस्ट में उतर सकती है।

दूसरी ओर, श्रीलंका को भले ही वेस्टइंडीज की धरती पर टेस्ट सीरीज गंवानी पड़ी हो, लेकिन टीम अपने घरेलू मैदानों पर भारतीय टीम के लिए चुनौती पेश कर सकती है। बल्लेबाजी में धनंजय डी सिल्वा, कामिंदु मेंडिस और दिनेश चंडीमल से टीम को दमदार प्रदर्शन की उम्मीद होगी। वहीं, गेंदबाजी में प्रभात जयसूर्या भारतीय बल्लेबाजों के लिए अबूझ पहेली साबित हो सकते हैं। प्रभात का रिकॉर्ड गॉल इंटरनेशनल क्रिकेट स्टेडियम में कमाल का रहा है। वॉर्मअप मैच में भारतीय बल्लेबाजों को परेशान करने वाले रमेश मेंडिस और केशाणा नुवान्था भी अपनी घूमती गेंदों से छाप छोड़ सकते हैं।