नई दिल्ली। दिल्ली पुलिस ने शनिवार को एक शख्स को इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय (आईजीआई) हवाई अड्डे के घरेलू टर्मिनल से गिरफ्तार किया। शख्स पर 60 लाख रुपए की धोखाधड़ी का आरोप है।

यह गिरफ्तारी केंद्रीय जिला पुलिस द्वारा घोषित अपराधियों और फरार आरोपियों के खिलाफ चलाए गए विशेष अभियान के तहत की गई। आरोपी की पहचान मुकेश कुमार (39) के रूप में हुई है। आरोपी उत्तर प्रदेश के ग्रेटर नोएडा के टेकजोन-4 का निवासी है।

पुलिस के अनुसार, आईपी एस्टेट पुलिस स्टेशन के एसएचओ की देखरेख और कमला मार्केट के एसीपी के समग्र मार्गदर्शन में सब-इंस्पेक्टर गौरव दलाल, हेड कांस्टेबल ललित, कांस्टेबल प्रकाश और कांस्टेबल रामजीलाल की एक विशेष टीम गठित की गई थी।

आरोपी का पता लगाने के लिए टीम ने तकनीकी इनपुट और प्रत्यक्ष जानकारी के आधार पर लगातार काम किया। पुलिस अधिकारियों ने कई बार उसके आवास का दौरा किया, लेकिन वह नहीं मिला। निगरानी बढ़ा दी गई और गुप्त मुखबिरों के माध्यम से जानकारी जुटाई गई।

10 जुलाई को पुलिस को पुख्ता सूचना मिली कि मुकेश कुमार आईजीआई हवाई अड्डे के घरेलू टर्मिनल पर मौजूद है। सूचना मिलते ही पुलिस टीम तुरंत मौके पर पहुंची और छापेमारी कर आरोपी को सफलतापूर्वक गिरफ्तार कर लिया।

जांच के दौरान पुलिस को पता चला कि आईपी एस्टेट पुलिस स्टेशन में भारतीय दंड संहिता की धारा 420, 468, 471 और 34 के तहत दर्ज एफआईआर में मुकेश कुमार को भगोड़ा घोषित किया गया था। उसे 25 जुलाई, 2025 को दिल्ली के तीस हजारी कोर्ट में न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी (जेएमएफसी) प्रीति की अदालत द्वारा भगोड़ा घोषित किया गया था।

पुलिस ने बताया कि आरोपी जानबूझकर सजा से बचने के लिए न्यायिक कार्रवाई से बच रहा था। कानून के अनुसार आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।

इससे पहले दिन में, दिल्ली पुलिस ने घटना के 24 घंटे के भीतर ही 37.5 लाख रुपए की एक मनगढ़ंत डकैती का भंडाफोड़ किया और पीड़ित कंपनी के दो कर्मचारियों सहित तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया और लगभग पूरी चोरी की रकम बरामद कर ली।