लाहौर। पाकिस्तान-तहरीक-ए-इंसाफ (पीटीआई) ने दावा किया है कि पूर्व प्रधानमंत्री और पार्टी के संस्थापक इमरान खान की बहन अलीमा खान को पुलिस ने हिरासत में ले कोट लखपत जेल भेज दिया। पार्टी के हवाले से स्थानीय मीडिया ने इसकी जानकारी दी।
जियो न्यूज के अनुसार पीटीआई ने रविवार को बताया कि अलीमा खान को पुलिस ने 'मेंटेनेंस ऑफ पब्लिक ऑर्डर, 1960' (एमपीओ) की धारा 3 के तहत हिरासत में लिया। अलीमा लाहौर के अपर मॉल स्थित अपने घर से जिम जा रही थीं, तभी उन्हें हिरासत में लिया गया और बाद में कोट लखपत जेल भेज दिया गया।
बताया गया कि उनकी गाड़ी को पुलिस स्टेशन में खड़ा कर दिया गया। पीटीआई संस्थापक की दूसरी बहन, नूरीन नियाजी, ने जियो न्यूज को बताया कि अलीमा को घर से निकलते समय हिरासत में लिया गया और उन्हें जानकारी मिली है कि उन्हें कोट लखपत जेल ले जाया जा रहा है।
नूरीन ने कहा, "मुझे नहीं पता कि वे इतने परेशान क्यों हैं कि महिलाओं को भी गिरफ्तार कर रहे हैं।"
वहीं, डॉन ने बताया कि लाहौर के डिप्टी कमिश्नर के कार्यालय से जारी एक आदेश में पुष्टि की गई कि उन्होंने उन्हें 30 दिनों के लिए हिरासत में लेने या गिरफ्तार करने का आदेश दिया था।
20 सितंबर के इस आदेश में कहा गया कि डिप्टी कमिश्नर (डीसी) मुहम्मद अली एजाज ने कानूनी धारा के तहत उन्हें हिरासत में लेने या गिरफ्तार करने का आदेश दिया था।
डीसी ने अपने आदेश में मुहम्मद अमीर की गिरफ्तारी का भी निर्देश दिया और कहा, "उन्हें कोट लखपत, लाहौर की सेंट्रल जेल के सुपरिटेंडेंट की कस्टडी में रखा जाएगा। उन्हें इस आदेश के खिलाफ प्रांतीय सरकार के सामने अपनी बात रखने की छूट होगी।"
इस बीच, पीटीआई अध्यक्ष बैरिस्टर गोहर अली खान ने एक्स पोस्ट कर बताया कि उन्हें अलीमा की बहन नूरीन नियाजी से अलीमा के हिरासत में लिए जाने की जानकारी मिली।
यह घटनाक्रम 27 सितंबर को होने वाले पीटीआई के विरोध प्रदर्शन से पहले पार्टी पर की जा रही कार्रवाई की खबरों के बीच हुआ है। पार्टी ने यह प्रदर्शन इमरान की जेल से रिहाई की मांग करने और संविधान की रक्षा के लिए लोगों को एकजुट करने के मकसद से बुलाया है।




