छतरपुर। छतरपुर जिले में लोक सेवा गारंटी अधिनियम के तहत आम जनता के काम समय पर न करने वाले और लापरवाही बरतने वाले प्रशासनिक अधिकारियों के खिलाफ जिला कलेक्टर ने कड़ा रुख अख्तियार कर लिया है। कलेक्टर पार्थ जैसवाल ने सोमवार को जिला पंचायत सभाकक्ष में आयोजित समय-सीमा (TL) की उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक में बड़ी दंडात्मक कार्रवाई की है। लोक सेवा गारंटी के तहत दर्ज प्रकरणों के समय-सीमा से बाहर (डिले) होने पर कलेक्टर ने बेहद सख्त रवैया अपनाते हुए जिले के कई तहसीलदारों, नायब तहसीलदारों, जनपद पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी (सीईओ) और ग्राम पंचायत सचिवों पर सीधे वित्तीय पेनाल्टी (जुर्माना) अधिरोपित करने के कड़े निर्देश जारी किए हैं। इस बंपर कार्रवाई से समूचे प्रशासनिक अमले में हड़कंप मच गया है।
सोमवार को आयोजित इस महत्वपूर्ण बैठक में जब लोक सेवा गारंटी के तहत लंबित पड़े आवेदनों की विभागवार समीक्षा की गई, तो कई अधिकारियों की घोर लापरवाही उजागर हुई। आवेदनों के निराकरण में तय समय-सीमा का उल्लंघन पाए जाने पर कलेक्टर पार्थ जैसवाल ने तत्काल मैदानी अधिकारियों पर जुर्माना ठोकने के निर्देश दिए। कलेक्टर के आदेश के मुताबिक, सबसे बड़ी कार्रवाई बछौन और छठीबम्हौरी के अधिकारियों पर हुई है, जहां दोनों जगह के नायब तहसीलदारों पर 5-5 हजार रुपये का भारी जुर्माना लगाया गया है। इसी प्रकार कार्य में ढिलाई बरतने पर तहसीलदार ईशानगर, तहसीलदार बमनौराकलॉ तथा नायब तहसीलदार घुवारा पर 2-2 हजार रुपये की पेनाल्टी ठोंकी गई है।
प्रशासनिक कसावट के तहत जुर्माने का यह दायरा यहीं नहीं रुका। कलेक्टर ने समय-सीमा का पालन न करने पर नायब तहसीलदार रानीपुरा और नायब तहसीलदार सडवा पर 1500-1500 रुपये की पेनाल्टी अधिरोपित की है। इसके साथ ही तहसीलदार बिजावर और नायब तहसीलदार जुझारनगर पर 1-1 हजार रुपये का अर्थदंड लगाया गया है। वहीं, लोक सेवा गारंटी के काम में मामूली लापरवाही बरतने और फाइलों को अटका कर रखने के मामले में तहसीलदार घुवारा, तहसीलदार छतरपुर, तहसीलदार नौगांव सहित नायब तहसीलदार भगवां, नायब तहसीलदार लुगासी और नायब तहसीलदार सरबई पर 500-500 रुपये का जुर्माना लगाया गया है।
राजस्व अधिकारियों के अलावा ग्रामीण विकास विभाग के लापरवाह अमले पर भी कलेक्टर का चाबुक चला है। समीक्षा बैठक में बक्सवाहा जनपद क्षेत्र में पाई गई कमियों और लेती-देती के चलते जनपद सीईओ बक्सवाहा पर ₹500 की पेनाल्टी लगाई गई है। इसी के साथ बक्सवाहा जनपद पंचायत के अंतर्गत आने वाली ग्राम पंचायत गधोई, ग्राम पंचायत निवार और ग्राम पंचायत मनकी के सचिवों पर भी कार्यों में लापरवाही बरतने के कारण 500-500 रुपये का जुर्माना अधिरोपित करने के निर्देश दिए गए हैं। कलेक्टर पार्थ जैसवाल ने बैठक में मौजूद सभी विभाग प्रमुखों को दोटूक चेतावनी दी है कि आम जनता को परेशान करने वाले और लोक सेवा गारंटी अधिनियम की समय-सीमा का मखौल उड़ाने वाले किसी भी अधिकारी या कर्मचारी को बख्शा नहीं जाएगा और आगामी बैठकों में इससे भी ज्यादा सख्त दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी।

