नई दिल्ली। भारतीय टीम के युवा कबड्डी खिलाड़ी देवांक दलालआइची-नागोया एशियन गेम्स 2026 में भारत का प्रतिनिधित्व करने की जिम्मेदारी उठाने के लिए तैयार हैं। पहली बार इस टूर्नामेंट में हिस्सा ले रहे रेडर की नजर टीम को एक और गोल्ड मेडल जिताने पर है। 23 साल के देवांक किसी बड़े इंटरनेशनल मल्टी-स्पोर्ट इवेंट में भारत के लिए पहली बार खेलेंगे। भारतीय टीम 21 सितंबर को जापान के खिलाफ अपने अभियान का आगाज करेगी। प्रो कबड्डी लीग सीजन 12 में 271 रेड प्वाइंट्स के साथ दूसरे सबसे ज्यादा स्कोर करने वाले रेडर रहे दलाल ने कहा कि एशियन गेम्स के लिए चुने जाने से उनकी जिम्मेदारी बढ़ गई है, लेकिन उन्होंने जोर देकर कहा कि वह उम्मीदों का बोझ दबाव के तौर पर नहीं लेना चाहते।

दलाल ने कहा, "मैं पहली बार एशियन गेम्स में जा रहा हूं। मैं खुद के लिए, अपने परिवार और अपने कोच के लिए खुश हूं। मैं सभी के लिए खुश हूं। मेरी जिम्मेदारियां बढ़ गई हैं। मुझे भारत के लिए गोल्ड लाना होगा। अगर भारत ने मुझे चुना है तो मुझे यह करना ही होगा।"

इस युवा खिलाड़ी का मानना ​​है कि भारत के लिए खेलने से जुड़ी उम्मीदों को दबाव के बजाय जिम्मेदारी के तौर पर देखा जाना चाहिए, क्योंकि अगर कोई खिलाड़ी मौके के दबाव में आ जाए तो वह खुलकर खेल नहीं पाता। उन्होंने कहा, "आपको दबाव नहीं लेना चाहिए। दबाव और जिम्मेदारी दो अलग-अलग चीजें हैं। यहां सिर्फ जिम्मेदारी है, दबाव नहीं। हम दबाव जैसी चीज में विश्वास नहीं करते। अगर आप दबाव लेंगे तो आप खेल नहीं पाएंगे। अगर आप खेलेंगे नहीं तो भारत कैसे जीतेगा? हम बिना दबाव के खेलेंगे और जीतेंगे।"

ग्रुप ए में शामिल भारत का सामना 22 सितंबर को रिपब्लिक ऑफ कोरिया, 23 सितंबर को बांग्लादेश और 24 सितंबर को चीनी ताइपे से होगा। सेमीफाइनल 25 सितंबर को होंगे, जबकि गोल्ड मेडल के लिए मुकाबला 26 सितंबर को खेला जाएगा। पिछले एशियन गेम्स में भारत की गोल्ड मेडल जीतने वाली टीम का हिस्सा रहे अनुभवी ऑलराउंडर असलम इनामदार ने भी मौजूदा टीम के अच्छा प्रदर्शन करने की उम्मीद जताई। उन्होंने पीकेएल और नेशनल कैंप के जरिए खिलाड़ियों के बीच बनी मजबूत समझ का जिक्र किया।

इनामदार ने कहा, "टीम के साथ बहुत अच्छी बॉन्डिंग है, क्योंकि वे सभी हमारे स्टार हैं। वे पीकेएल में हर टीम के कप्तान हैं।पीकेएल में हमारा अनुभव बहुत अच्छा रहा। उन्होंने पीकेएल में बहुत अच्छा खेल दिखाया।" इनामदार ने इस बात पर भी जोर दिया कि अनुभवी खिलाड़ी युवा सदस्यों को इंटरनेशनल कब, "अयान, अंकित, राहुल जैसे युवा खिलाड़ियों के पास पीकेएल और नेशनल का काफी अनुभव है। मगर इंटरनेशनल मैच थोड़ा अलग होता है। इसलिए निरंतरता बहुत जरूरी है। यही वजह है कि उन्हें बिना किसी दबाव के खेलने के लिए कहा जाता है। देश का प्रतिनिधित्व करने पर गर्व महसूस करें और गोल्ड के लिए लड़ें।"

भारतीय टीम की कप्तानी सुनील कुमार करेंगे और टीम में पवन सहरावत, अंकित जागलान, असलम इनामदार, आशु मलिक, अयान लोहचब, देवांक दलाल, अर्जुन देशवाल, जयदीप दहिया, राहुल सेठपाल, गौरव खत्री और सुमित सांगवान भी शामिल होंगे।