मुंबई। बॉलीवुड अभिनेता टाइगर श्रॉफ के हाथों और कंधों पर बंधी पट्टियां देखने के बाद उनके प्रशंसकों में चिंता बढ़ गई है। यह तस्वीरें 18 अक्टूबर को हुई फायरिंग की घटना के बाद सामने आई थीं।

मुंबई के जुहू इलाके में टाइगर पर तीन हमलावरों द्वारा गोलीबारी किए जाने की घटना के बाद खबरें आई थीं कि अभिनेता को कोई गंभीर चोट नहीं लगी, जबकि उनके ड्राइवर को चोट आई थी।

गुरुवार को टाइगर की टीम ने सोशल मीडिया पर उनके हाथ का एक क्लोज-अप वीडियो साझा किया। वीडियो में हाथ के अंदरूनी हिस्से पर कई छोटे-छोटे भूरे रंग के निशान दिखाई दे रहे थे, जो जलने के निशान जैसे लग रहे थे।

बताया जा रहा है कि ये गहरे रंग के धब्बे, जिन्हें पाउडर टैटूइंग भी कहा जाता है, फायरिंग के दौरान उड़ने वाले टुकड़ों की वजह से बने हो सकते हैं।

टाइगर की मां आयशा श्रॉफ ने भी इस वीडियो को अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर दोबारा शेयर किया। गौरतलब है कि वीडियो में हाथ का जो हिस्सा दिखाया गया है, वही हिस्सा है जहां महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे से मुलाकात के दौरान टाइगर के हाथ पर पट्टियां देखी गई थीं।

जैसे ही यह वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आया, कई लोगों ने सवाल उठाया कि जब पुलिस ने किसी चोट की जानकारी नहीं दी थी, तो टाइगर ने पट्टियां क्यों बांध रखी थीं।

वीडियो पर टाइगर के पिता जैकी श्रॉफ और बहन कृष्णा श्रॉफ ने हाथ जोड़ने वाली इमोजी के साथ प्रतिक्रिया दी। वहीं, उनकी मां आयशा ने लिखा, "भगवान महान हैं।"

मंगलवार को टाइगर की टीम ने इस मामले पर अपना पहला आधिकारिक बयान जारी किया था। टीम ने अभिनेता से जुड़ी फर्जी खबरें और एआई से तैयार की गई भ्रामक सामग्री फैलाने वालों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की चेतावनी दी थी।

टीम ने स्पष्ट किया कि टाइगर ने इस दुर्भाग्यपूर्ण घटना को लेकर कोई सार्वजनिक बयान नहीं दिया है और न ही कोई वीडियो जारी किया है। अभिनेता के नाम से झूठी या भ्रामक सामग्री फैलाने वालों के खिलाफ कानूनी कदम उठाए जाएंगे।

कई सोशल मीडिया पेज और डिजिटल प्लेटफॉर्म टाइगर के नाम से मनगढ़ंत कहानियां, एआई से बनाए गए वीडियो और तैयार की गई स्क्रिप्टेड बातें फैला रहे हैं। ये पूरी तरह झूठी, अनधिकृत और लोगों को गुमराह करने वाली हैं।

टीम ने मीडिया संस्थानों और डिजिटल प्लेटफॉर्म से भी अपील की कि वे टाइगर से जुड़ी किसी भी सामग्री को साझा करने से पहले तथ्यों की जांच कर लें।

बयान में कहा गया, "हम ऐसी किसी भी सामग्री का समर्थन नहीं करते हैं और न ही हमारा उससे कोई संबंध है। हम मीडिया, डिजिटल प्लेटफॉर्म और सोशल मीडिया पेजों से जिम्मेदारी दिखाने, जानकारी की पुष्टि करने और केवल लोकप्रियता या आर्थिक लाभ के लिए गलत जानकारी फैलाने से बचने का आग्रह करते हैं।"