छतरपुर, संजय अवस्थी। महिला का अश्लील वीडियो हासिल कर ब्लैकमेलिंग करने की नीयत से साथी की पत्थरों से कुचलकर हत्या करने वाले दो अभियुक्तों को अदालत ने दोषी करार दिया है। प्रथम अपर सत्र न्यायाधीश, छतरपुर के न्यायालय ने दोनों आरोपियों को धारा 302/34 के तहत आजीवन कारावास तथा 20-20 हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई है।


यह था पूरा मामला


अभियोजन के मीडिया सेल प्रभारी एडीपीओ के.आर. पटेल के अनुसार, 02 मार्च 2024 को प्रार्थी गंगाराम पटेल को कालीचरण पटेल के खेत के पास नहर किनारे खून पड़ा दिखा। पास के सरसों के खेत में जाकर देखा तो वहां करीब 25 वर्षीय युवक का शव पड़ा था, जिसके सिर व मुंह पर गंभीर चोटें थीं और सिर पर भारी पत्थर रखा हुआ था। सूचना पर राजनगर पुलिस ने मामला दर्ज किया। जांच के दौरान मृतक की पहचान रामचरण पाल निवासी विकौरा, थाना महाराजपुर के रूप में हुई।


वीडियो के जरिए ब्लैकमेलिंग के लिए रची थी साजिश


विवेचना के दौरान पुलिस ने आरोपी राहुल पाल और रामदयाल पाल को हिरासत में लेकर पूछताछ की। आरोपियों ने कबूल किया कि वे मृतक रामचरण के साथ जम्मू-कश्मीर में मजदूरी करने गए थे। वहां रामचरण के मोबाइल में एक महिला का अश्लील वीडियो था। आरोपी उस वीडियो के जरिए महिला को ब्लैकमेल कर पैसे वसूलना चाहते थे, लेकिन रामचरण वीडियो देने से मना कर रहा था। इसी के चलते दोनों ने रामचरण की हत्या कर उसका मोबाइल हासिल करने का षड्यंत्र रचा।


तौलिए से गला घोंटा, फिर पत्थर पटककर ली जान


28 फरवरी 2024 को दोनों आरोपी रामचरण को शादी में चलने के बहाने ले गए। रात करीब 11 बजे देवपुलिया के पास नहर किनारे बीड़ी पीने के बहाने रुके। जब रामचरण मोटरसाइकिल पर बैठकर फोन पर बात कर रहा था, तभी आरोपियों ने पीछे से तौलिए से उसका गला कस दिया और जमीन पर गिराकर खेत में ले गए, जहां पत्थरों से कुचलकर उसकी निर्मम हत्या कर दी और मोबाइल लेकर फरार हो गए।


सशक्त पैरवी से मिली सजा


पुलिस ने जांच के दौरान आरोपियों के कब्जे से मोबाइल, मोटरसाइकिल और अन्य साक्ष्य जब्त किए। मामले की विवेचना उपनिरीक्षक सिद्धार्थ शर्मा एवं स्वामी प्रसाद सिंह द्वारा की गई। न्यायालय में अभियोजन की ओर से अपर लोक अभियोजक पंकज पाठक ने सशक्त एवं प्रभावी पैरवी की। परिस्थितिजन्य साक्ष्यों के आधार पर न्यायालय ने दोनों अभियुक्तों राहुल पाल और रामदयाल पाल को हत्या का दोषी पाते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई। उक्त जानकारी डीडीपी प्रवेश अहिरवार के द्वारा दी गई।