उमरिया, तपस गुप्ता। मध्यप्रदेश के उमरिया जिले के गुरुवाही में आयोजित राज्य स्तरीय सम्मेलन के दौरान प्रशासनिक हलचल और राजनीतिक बयानबाजी चरम पर रही। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने सम्मेलन में शिरकत कर लाड़ली बहना योजना की 41वीं किस्त जारी की। इस दौरान एक तरफ जहां मुख्यमंत्री ने मंच से कांग्रेस पर सीधा हमला बोला, वहीं दूसरी तरफ पुलिस प्रशासन ने विरोध प्रदर्शन की किसी भी संभावना को विफल करने के लिए जिले भर में कांग्रेस नेताओं पर कड़ी निगरानी रखी।


सीएम बोले- अमर्यादित बयानबाजी करने वालों को आए शर्म

गुरुवाही के विशाल मंच से जनसमुदाय को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने लाड़ली बहना योजना पर कांग्रेस के रुख पर कड़ा एतराज जताया। मुख्यमंत्री ने कहा कि कांग्रेस नेता यह दावा करते हैं कि लाड़ली बहनों को दिए जाने वाले पैसों का दुरुपयोग होता है और वे शराब पी जाती हैं। सीएम ने इस बयान पर आपत्ति जताते हुए कहा कि आधी आबादी और मातृशक्ति के प्रति ऐसी ओछी सोच रखने वालों को शर्म आनी चाहिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि महिलाएं परिवार की रीढ़ होती हैं और आर्थिक स्वावलंबन उनका अधिकार है।


वोट की ताकत से हिसाब चुकता करने का आह्वान

अपने संबोधन के दौरान मुख्यमंत्री ने महिलाओं की राजनीतिक शक्ति का जिक्र करते हुए उन्हें अपने अधिकारों के प्रति जागरूक किया। उन्होंने कहा कि महिलाएं न केवल घर संभालती हैं बल्कि लोकतंत्र की दिशा तय करने में भी उनकी बराबर की हिस्सेदारी है। सीएम ने कहा कि जब भी चुनाव में महिलाओं के हाथ में वोट देने की ताकत आए, तो वे बहनों का अपमान करने वाली ताकतों से अपना हिसाब जरूर चुकता करें।


मानपुर, नौरोजाबाद, पाली और उमरिया में अलर्ट पर रही पुलिस

मुख्यमंत्री के आगमन के दौरान किसी भी प्रकार के काले झंडे या विरोध प्रदर्शन को रोकने के लिए जिला पुलिस प्रशासन अलर्ट मोड पर रहा। सुरक्षा कारणों और खुफिया इनपुट के आधार पर मानपुर, नौरोजाबाद, पाली और उमरिया क्षेत्र में कई कांग्रेस नेताओं को उनके आवास पर नजरबंद रखा गया। पुलिस की इस तत्परता के कारण कार्यक्रम बिना किसी बाधा के शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ।


मिलीं कई बड़ी सौगातें, अमरपुर बनेगा नई तहसील

राजनीतिक बयानबाजी के अलावा गुरुवाही का यह सम्मेलन विकास कार्यों की घोषणाओं का भी साक्षी बना। मुख्यमंत्री ने उमरिया जिले के स्वास्थ्य और प्रशासनिक ढांचे को मजबूत करने के लिए कई अहम घोषणाएं कीं। उन्होंने मानपुर और पाली में नए सिविल अस्पताल के निर्माण, चिल्हारी में प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र की स्थापना और अमरपुर को पूर्ण तहसील का दर्जा देने का ऐलान किया। इन घोषणाओं से जिले के विकास को नई रफ्तार मिलने की उम्मीद है।