मंदसौर, ललित शंकर धाकड़। जिले के दलोदा में FIR दर्ज होने के मामले ने राजनीतिक तूल पकड़ लिया है। कांग्रेस विधायक विपिन जैन के भाई नितिन जैन सहित अन्य लोगों के खिलाफ एससी-एसटी एक्ट के तहत मामला दर्ज होने के बाद कांग्रेस ने पुलिस कार्रवाई का विरोध किया। बुधवार शाम सैकड़ों कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने दलोदा थाने का घेराव कर प्रदर्शन किया। इस दौरान विधायक विपिन जैन ने थाना प्रभारी पर नाराजगी जताते हुए कहा, “भाजपा वाले दलाली लेते होंगे, मैं नहीं लेता हूं।” उनके इस बयान के बाद मामला और गरमा गया।
जानकारी के अनुसार, 28 सितंबर को आर्थिक अपराध अन्वेषण ब्यूरो (EOW) ने रिश्वत लेने के मामले में दलोदा सरपंच दुर्गा कैथवास और उनके पति के खिलाफ कार्रवाई की थी। इसके बाद सरपंच की शिकायत पर नितिन जैन सहित अन्य लोगों के खिलाफ FIR दर्ज की गई। शिकायत में आरोप लगाया गया कि EOW की कार्रवाई के बाद घर लौटते समय पंचायत के बाहर नितिन जैन और उनके साथियों ने जातिसूचक गालियां दीं, अपमानित किया तथा जान से मारने की धमकी दी। इसी शिकायत के आधार पर एससी-एसटी एक्ट सहित संबंधित धाराओं में मामला दर्ज किया गया।
कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने FIR को झूठा बताते हुए पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाए और सरपंच दुर्गा कैथवास के खिलाफ नारेबाजी की। प्रदर्शनकारियों ने मांग की कि नितिन जैन सहित अन्य लोगों के खिलाफ दर्ज FIR का खात्मा किया जाए, दोषियों के खिलाफ जांच कर कार्रवाई की जाए तथा दलोदा थाना प्रभारी को हटाया जाए।
प्रदर्शन की सूचना पर मौके पर पहुंचे नगर पुलिस अधीक्षक जितेंद्र भास्कर ने कांग्रेस कार्यकर्ताओं से ज्ञापन लिया और उनकी मांगों के अनुरूप कार्रवाई का आश्वासन दिया। फिलहाल, FIR को लेकर कांग्रेस और पुलिस के बीच विवाद ने जिले में राजनीतिक माहौल गरमा दिया है। मामले में लगाए गए आरोपों की पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी।














