इस्लामाबाद। पाकिस्तान के दक्षिण-पश्चिमी प्रांत बलूचिस्तान में गुरुवार को आतंकियों ने सुरक्षा बलों के एक काफिले पर समन्वित हमला कर दिया। सुरक्षा सूत्रों के मुताबिक इस हमले में तीन सुरक्षाकर्मियों की मौत हो गई, जबकि 29 अन्य घायल हो गए।

सूत्रों के हवाले से स‍िन्हुआ र‍िपोर्ट के अनुसार, यह हमला मस्तुंग जिले में हुआ। फ्रंटियर कॉर्प्स (एफसी) का काफिला प्रांतीय राजधानी क्वेटा से एन-25 हाईवे के रास्ते कलात जिले की ओर जा रहा था।

सूत्रों के अनुसार, "भारी हथियारों से लैस आतंकियों ने काफिले पर कई जगहों से एक साथ हमला किया। जब मदद के लिए सुरक्षा बलों की दूसरी टीम मौके पर पहुंची, तो उसके पास एक इम्प्रोवाइज्ड एक्सप्लोसिव डिवाइस (आईईडी) में धमाका हो गया।"

इसके बाद दोनों तरफ से काफी देर तक गोलीबारी हुई। इस दौरान तीन सुरक्षाकर्मियों की जान चली गई और 29 लोग घायल हो गए। घायलों में 20 की हालत गंभीर है, जबकि नौ को हल्की चोटें आई हैं। सभी घायलों को इलाज के लिए पास के अस्पतालों में भेज दिया गया है।

हमले में सुरक्षा बलों के वाहनों को भी काफी नुकसान पहुंचा। फ्रंटियर कॉर्प्स की एक बस आग लगने से पूरी तरह जल गई, जबकि तीन अन्य वाहनों के टायर क्षतिग्रस्त हो गए। हमले के बाद सुरक्षा बलों ने आतंकियों के भागने के शक वाले रास्तों पर मोर्टार दागे।

अधिकारियों ने बताया कि पूरे इलाके को सुरक्षित कर लिया गया है, सभी घायलों और मृतकों को वहां से निकाल लिया गया है और एन-25 हाईवे पर यातायात फिर से सामान्य कर दिया गया है।

अब तक किसी भी संगठन ने इस हमले की जिम्मेदारी नहीं ली है। हालांकि, सुरक्षा सूत्रों का कहना है कि इसके पीछे बलूचिस्तान लिबरेशन आर्मी (बीएलए) का हाथ होने की आशंका है। फिलहाल इस पूरे मामले की जांच की जा रही है।

वहीं, पाकिस्तान के खैबर पख्तूनख्वा प्रांत के बन्नू और लोअर दिर जिलों में भी हथियारबंद हमलावरों ने हमला किया। स्थानीय मीडिया के मुताबिक, इन हमलों में कम से कम दो पुलिसकर्मियों की मौत हो गई, जबकि 26 लोग घायल हुए हैं। घायलों में 22 पुलिसकर्मी शामिल हैं।

पाकिस्तान के प्रमुख अखबार द एक्सप्रेस ट्रिब्यून की रिपोर्ट के अनुसार, बुधवार को हथियारबंद हमलावरों ने विस्फोटकों से भरे एक वाहन का इस्तेमाल कर मिरयाब पुलिस स्टेशन पर हमला किया। इस धमाके में छह पुलिसकर्मी और चार अन्य लोग घायल हो गए। इसके बाद कई घंटों तक पुलिस और हमलावरों के बीच भारी गोलीबारी होती रही।