इंदौर(आरएसएस)। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) अपनी अखिल भारतीय बैठक से पहले बुधवार को मध्य प्रदेश के इंदौर स्थित डेली कॉलेज परिसर में लगभग एक लाख 'स्वयंसेवकों' का एक विशाल समूह एकत्रित कर रहा है।यह कार्यक्रम संघ के शताब्दी वर्ष के उपलक्ष्य में पूरे देश में आयोजित कार्यक्रमों की साल भर चलने वाली शृंखला के समापन का प्रतीक होगा।

कार्यक्रम स्थल के रूप में डेली कॉलेज का चुनाव काफी महत्वपूर्ण है। यह संस्थान इंदौर और पूरे मध्य प्रदेश के युवाओं के लिए आकर्षण का एक प्रमुख केंद्र है। इस जगह पर कार्यक्रम आयोजित करके आरएसएस यह संकेत दे रहा है कि उसकी भविष्य की रणनीतियों में 'जेन जी' और युवाओं को जोड़ने पर विशेष जोर दिया जाएगा।

पिछले एक साल में संगठन ने अपनी स्थापना के 100 साल पूरे होने के उपलक्ष्य में देशभर में कई तरह के कार्यक्रम आयोजित किए हैं। इंदौर में बुधवार को होने वाला आयोजन इस शृंखला का अंतिम कार्यक्रम है।

2 से 4 नवंबर तक इंदौर में संघ की बहुप्रतीक्षित अखिल भारतीय बैठक आयोजित की जाएगी। इस बैठक के दौरान युवाओं के साथ संगठन के जुड़ाव को मजबूत करने की रणनीतियों को अंतिम रूप दिए जाने की उम्मीद है।

सूत्रों के अनुसार, आरएसएस नई पीढ़ी को आकर्षित करने के लिए अपने पारंपरिक बौद्धिक कार्यक्रमों के अलावा सांस्कृतिक और शैक्षिक गतिविधियों पर भी अपना ध्यान केंद्रित करने की योजना बना रहा है।

संगठन की स्थापित परंपरा के अनुसार, अखिल भारतीय बैठक से पहले मेजबान शहर में एक विशेष बौद्धिक सत्र आयोजित किया जाता है।

इसी परंपरा का पालन करते हुए इंदौर कार्यक्रम के लिए एक विस्तृत रूपरेखा तैयार की गई है। इंदौर महानगर क्षेत्र की सभी शाखाओं को एक आधिकारिक निर्देश जारी किया गया है, जिसमें स्वयंसेवकों से बुधवार शाम 4:30 बजे तक डेली कॉलेज परिसर में एकत्रित होने के लिए कहा गया है।

इस बड़े आयोजन के बाद एक सार्वजनिक कार्यक्रम और एक बौद्धिक सत्र होगा, जिसमें अखिल भारतीय कार्यकारिणी समिति के वरिष्ठ पदाधिकारी स्वयंसेवकों को संबोधित करेंगे। इस कार्यक्रम के लिए अधिकांश प्रमुख पदाधिकारी पहले ही इंदौर पहुंच चुके हैं।

कार्यक्रम में स्वयंसेवकों द्वारा शारीरिक व्यायाम और योग का प्रदर्शन किया जाएगा, जिसके बाद सामूहिक रूप से ‘चरैवेति-चरैवेति’ गीत गाया जाएगा। बौद्धिक सत्रों में संघ की विचारधारा, सामाजिक जिम्मेदारी और राष्ट्रीय विकास में नागरिकों की भूमिका पर चर्चा होगी।

‘चरैवेति-एकीकरण’ के बाद शहर में आरएसएस की ‘अखिल भारतीय कार्यकारी मंडल’ की बैठक भी आयोजित की जानी है। इस बीच संगठन में संभावित पुनर्गठन को लेकर भी चर्चा चल रही है।