लखनऊ। उत्तर प्रदेश में बैलेट पेपर से हुए एमएलसी चुनावों के नतीजों को लेकर सियासी बयानबाजी तेज हो गई है। समाजवादी पार्टी (सपा) के नेताओं ने भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) पर निशाना साधते हुए चुनाव प्रक्रिया, प्रशासन के दुरुपयोग और सरकार की नीतियों पर सवाल उठाए हैं। सपा प्रवक्ता फखरुल हसन चांद ने भाजपा पर उत्तर प्रदेश में मिली हार से जुड़े सवालों का जवाब नहीं देने का आरोप लगाया जबकि पार्टी सांसद अवधेश प्रसाद ने कहा कि भाजपा सरकार के दिन अब गिने-चुने रह गए हैं। वहीं, सपा प्रवक्ता आशुतोष वर्मा ने पार्टी की पांच सीटों पर जीत का जिक्र करते हुए इसे संगठन की तैयारी का परिणाम बताया। सपा प्रवक्ता फखरुल हसन चांद ने चार राज्यों में बैलेट पेपर से हुए एमएलसी चुनावों के नतीजों पर प्रतिक्रिया देते हुए भाजपा पर तंज कसा। उन्होंने कहा कि भाजपा कांग्रेस की हार पर खुशी मना रही है लेकिन उत्तर प्रदेश में अपने प्रदर्शन और वाराणसी के चुनाव परिणामों से जुड़े सवालों का जवाब नहीं दे रही है। दूसरों के दुख में खुशी तलाशने वालों को ऐसा करने दीजिए लेकिन भाजपा को यह भी बताना चाहिए कि उत्तर प्रदेश में उसे हार का सामना क्यों करना पड़ा।
उन्होंने आरोप लगाया कि उत्तर प्रदेश में बैलेट पेपर से हुए चुनावों के दौरान भाजपा ने मतदान प्रक्रिया को धीमा किया। साथ ही, कुछ स्थानों पर भाजपा कार्यकर्ताओं द्वारा प्रशासन का दुरुपयोग कर चुनाव परिणामों को प्रभावित करने की कोशिश किए जाने का आरोप भी लगाया।
अयोध्या से सपा सांसद अवधेश प्रसाद ने एमएलसी चुनावों के नतीजों को भाजपा सरकार के खिलाफ जनता के असंतोष का संकेत बताया। उन्होंने कहा कि चुनाव परिणाम संदेश देते हैं कि भाजपा सरकार के दिन अब गिने-चुने रह गए हैं। समाज का हर वर्ग सरकार की नीतियों, कामकाज और फैसलों से परेशान है। भाजपा सरकार केवल अगले चुनाव की घोषणा होने तक ही सत्ता में रह पाएगी।
अवधेश प्रसाद ने आजम खान को समाजवादी पार्टी का वरिष्ठ और अच्छा नेता बताते हुए कहा कि पार्टी उनके साथ खड़ी है। उन्होंने इस कार्रवाई को भाजपा सरकार की मानसिकता से जोड़कर पेश किया।
एमएलसी चुनावों में कांग्रेस के प्रदर्शन को लेकर सपा नेता आशुतोष वर्मा ने कहा कि कांग्रेस कहां जीती और कहां हारी, यह उसका अंदरूनी मामला है। सपा को आवंटित 11 सीटों में से पांच पर पार्टी ने शानदार जीत हासिल की है। वर्मा ने कहा कि जिन स्थानों पर कुछ उम्मीदवारों को 2,000 वोट भी नहीं मिलते, वहां सपा के उम्मीदवार 17,000 से 18,000 वोटों के अंतर से जीत रहे हैं।
उन्होंने इसे पार्टी की चुनावी तैयारी और संगठन की मजबूती का संकेत बताया। साथ ही कहा कि सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव लगातार इस बात पर जोर देते रहे हैं कि सवाल केवल सीटों का नहीं बल्कि जीत हासिल करने का है।
वाराणसी में एमएलसी चुनाव के नतीजों पर सपा सांसद वीरेंद्र सिंह ने कहा कि सपा प्रत्याशी की जीत का अंतर 17,000 वोटों से अधिक हो गया है और अब केवल प्रमाण पत्र मिलना बाकी है।
उन्होंने बताया कि पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव के निर्देश पर विभिन्न जिलों से आए कार्यकर्ता, विधायक और पार्टी के अन्य सदस्य पिछले 24 घंटों से मतगणना स्थल पर सतर्कता के साथ मौजूद हैं। सभी कार्यकर्ता अनुशासन बनाए हुए हैं और चुनाव प्रक्रिया पर नजर रख रहे हैं।













