छतरपुर, संजय अवस्थी। छतरपुर जिले में खनिज माफिया और अवैध उत्खनन पर नकेल कसने के लिए कलेक्टर मृणाल मीणा के निर्देश पर सघन जांच अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में 17 अगस्त को महाराजपुर तहसील अंतर्गत ग्राम मलहरा जोन में मुरूम और मिट्टी के अवैध उत्खनन की गंभीर शिकायत मिली थी। शिकायत को संज्ञान में लेते हुए खनिज विभाग और राजस्व विभाग के संयुक्त अमले ने मौके पर पहुंचकर औचक निरीक्षण और विस्तृत जांच पड़ताल की।


3940 घनमीटर अवैध उत्खनन की हुई पुष्टि

जिला खनिज अधिकारी के अनुसार, जांच दल ने मौके पर पहुंचकर तकनीकी पैमाइश की। नापजोख के दौरान यह तथ्य सामने आया कि कुल 3940 घनमीटर मुरूम और मिट्टी का बिना किसी वैध अनुमति के बड़े पैमाने पर अवैध उत्खनन कर परिवहन किया गया था। सघन पड़ताल में यह स्पष्ट हुआ कि उक्त अवैध खनन सड़क निर्माण कार्य में लगी एजेंसी मेसर्स एम.के.सी. (MKC) द्वारा कराया जा रहा था।


खनिज नियमों के तहत प्रकरण दर्ज, 20 लाख आंकी गई कीमत

निर्माण एजेंसी द्वारा बिना किसी वैध परिवहन अनुज्ञा (टीपी) और नियमानुसार अनुमति के मुरूम-मिट्टी का दोहन किए जाने पर खनिज नियमों के तहत विधिवत प्रकरण पंजीबद्ध किया गया है। अधिकारियों के मुताबिक, अवैध रूप से निकाले गए खनिज की शासकीय रॉयल्टी राशि करीब 1 लाख 97 हजार रुपये आंकी गई है, जबकि खुले बाजार में इस उत्खनित मुरूम-मिट्टी की अनुमानित कीमत लगभग 20 लाख रुपये बताई जा रही है। खनिज विभाग द्वारा आगे की दंडात्मक कार्रवाई की जा रही है।