छतरपुर। छतरपुर जिले की तहसील अंतर्गत आने वाले ग्राम मलपुरा के ग्रामीणों ने कलेक्टर की जनसुनवाई में पहुंचकर तत्कालीन हल्का पटवारी के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। ग्रामीणों ने नारेबाजी और प्रदर्शन करते हुए एक शिकायती आवेदन सौंपा है, जिसमें 'स्वामित्व योजना' के सर्वे में भारी गड़बड़ी करने और अपात्रों को सरकारी भूमि के पट्टे जारी करने का गंभीर आरोप लगाया गया है।
सर्वे में धांधली और अपात्रों को पट्टे बांटने का आरोप
ग्रामीणों का आरोप है कि तत्कालीन हल्का पटवारी गोविंदराम चौरसिया द्वारा स्वामित्व योजना के सर्वे के दौरान कई वास्तविक पात्र हितग्राहियों के नाम सूची से हटा दिए गए, जिसके कारण अब उनकी रजिस्ट्रियां नहीं हो पा रही हैं। आवेदन में उल्लेख किया गया है कि खसरा नंबर 144, 167/1, 173, 178, 202/1 आदि जमीनों पर बिना किसी निर्माण के खाली पड़ी बेशकीमती सरकारी भूमि के पट्टे उन लोगों को दे दिए गए, जिनका वहां कोई भौतिक निर्माण या कब्जा नहीं था। इससे शासन को लाखों रुपये की स्टाम्प ड्यूटी का भी नुकसान हुआ है। ग्रामीणों ने बताया कि तत्कालीन पटवारी का तबादला लगभग 6 महीने पहले हो चुका है, लेकिन इसके बावजूद आबादी का नक्शा अभी भी उनके कब्जे में है। आरोप है कि नक्शे में छेड़छाड़ कर गलत नाम जोड़े गए हैं, जिससे धरातल की स्थिति और राजस्व रिकॉर्ड में भारी अंतर आ गया है।
ग्रामीणों की प्रमुख मांगें
कलेक्टर को सौंपे गए ज्ञापन के माध्यम से ग्रामीणों ने निम्नलिखित मांगें की हैं: तत्कालीन पटवारी के पूरे कार्यकाल की उच्च स्तरीय जांच कराई जाए। गलत तरीके से जारी किए गए सभी विक्रय पत्रों (Registry/Sale Deeds) पर तुरंत रोक लगाई जाए। सर्वे सूची से छूटे हुए वास्तविक और पात्र हितग्राहियों को उनके अधिकार व पट्टे दिए जाएं।
प्रशासन का पक्ष
जनसुनवाई के दौरान ग्रामीणों का आवेदन स्वीकार करते हुए डिप्टी कलेक्टर विजय द्विवेदी ने आश्वासन दिया है कि: "ग्रामीणों द्वारा दिए गए आवेदन के आधार पर पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराई जाएगी। यदि जांच में किसी भी प्रकार की गड़बड़ी या अनियमितता पाई जाती है, तो संबंधितों के खिलाफ कठोर वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।" इस प्रदर्शन और ज्ञापन सौंपने के दौरान ओमप्रकाश तिवारी, राजकुमार पटेरिया, मुन्ना लाल अहिरवार, दशरथ अहिरवार, घनश्याम तिवारी, राहुल तिवारी, रामदयाल अहिरवार, अनिल तिवारी, विनोद तिवारी सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे।













