छतरपुर/महाराजपुर, शिवम चौरसिया। नगर के पंडित जवाहरलाल नेहरू खेल ग्राउंड को स्टेडियम के रूप में विकसित करने की मांग करीब 30 वर्षों से की जा रही है। खेल प्रेमियों और खिलाड़ियों का कहना है कि मुख्य मार्ग पर स्थित यह मैदान शहर के लिए महत्वपूर्ण खेल स्थल बन सकता है, लेकिन अब तक इसके विकास और संरक्षण को लेकर अपेक्षित पहल नहीं हुई है। मैदान के समीप गर्ल्स हॉस्टल और अर्धनारेश्वर शिव मंदिर भी स्थित है।
गांधी जयंती पर खिलाड़ियों ने चलाया स्वच्छता अभियान
2 अक्टूबर को गांधी जयंती के अवसर पर खिलाड़ियों ने स्वयं मैदान की सफाई कर स्वच्छता अभियान चलाया। खिलाड़ियों ने कहा कि मैदान को सुरक्षित रखने और व्यवस्थित विकसित करने की जिम्मेदारी प्रशासन के साथ समाज की भी है। इस दौरान मैदान में नियमित खेल गतिविधियां संचालित कराने की जरूरत भी सामने रखी गई।
2012 के आसपास से बंद है अंतरराज्यीय लेदर क्रिकेट टूर्नामेंट
खिलाड़ियों के अनुसार, कभी नगर पालिका द्वारा इसी मैदान पर अंतरराज्यीय लेदर क्रिकेट टूर्नामेंट आयोजित कराया जाता था। वर्ष 2012 के आसपास से इस तरह की प्रतियोगिताएं बंद हैं। एक समय दिल्ली, भोपाल, इंदौर, राठ, मौदहा, झांसी, सिंगरौली, ग्वालियर और सागर सहित विभिन्न शहरों की टीमें यहां खेलने आती थीं। टूर्नामेंट बंद होने से मैदान की खेल गतिविधियां भी प्रभावित हुई हैं।
टूर्नामेंट शुरू कराने और मैदान के विकास की मांग
खिलाड़ियों ने नगर पालिका प्रशासन से अंतरराज्यीय लेदर क्रिकेट टूर्नामेंट दोबारा शुरू कराने की मांग की है। उनका कहना है कि मैदान को स्टेडियम के रूप में विकसित करने से स्थानीय खिलाड़ियों को बेहतर सुविधाएं मिलेंगी और महाराजपुर में बड़े स्तर की खेल प्रतियोगिताओं का आयोजन संभव होगा।
क्रिकेट के साथ अन्य खेलों के लिए सुविधाएं विकसित करने की मांग
खेल प्रेमियों ने प्रशासन और जनप्रतिनिधियों से मैदान को सुरक्षित कर क्रिकेट, बास्केटबॉल, योग, व्यायाम और वर्कआउट जैसी गतिविधियों के लिए आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराने की अपील की है। उनका कहना है कि व्यवस्थित खेल परिसर तैयार होने से वर्तमान के साथ आने वाली युवा पीढ़ी को भी अपनी प्रतिभा निखारने का बेहतर अवसर मिलेगा।










