मुंबई। अभिनेत्री कोएना मित्रा ने दीपावली पर पटाखे फोड़ने का समर्थन किया है और इसे त्योहार के पारंपरिक उल्लास का हिस्सा बताया। अभिनेत्री का कहना है कि हिंदू त्योहारों को कैसे मनाया जाए, इस पर दूसरों से सीखने की जरूरत नहीं है।
अभिनेत्री ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर प्रतिक्रिया देते हुए एक नोट शेयर किया, जिसमें उन्होंने लिखा, "सभी को मेरा नमस्कार, हम दीपावली रोशनी, पटाखों, संगीत, ढोल और स्वादिष्ट खाने के साथ मनाते हैं। हमें यह बताने के लिए पाकिस्तान के चमचों को मत बुलाइए कि हिंदू त्योहार कैसे मनाना चाहिए। उनके दिखावटी समाज-सेवा को नजरअंदाज कीजिए। एडवांस में दीपावली की शुभकामनाएं।"
उनका यह बयान उन लोगों और कथित बुद्धिजीवियों के खिलाफ एक सीधी प्रतिक्रिया के रूप में देखा जा रहा है, जो दीपावली के दौरान पर्यावरण और प्रदूषण का हवाला देकर पटाखे न फोड़ने या हिंदू त्योहारों पर रोक लगाने की वकालत कर रहे हैं।
दरअसल, बीएमसी ने दीपावली के अवसर पर प्रदूषण नियंत्रण के प्रति जागरूकता फैलाने के लिए एक अभियान शुरू किया था, जिसके तहत अभिनेत्री दीया मिर्जा का एक वीडियो संदेश जारी किया गया था। इस वीडियो में दीया मिर्जा ने मुंबईवासियों से अपील की थी कि वे पटाखे न जलाएं तथा ध्वनि और वायु प्रदूषण को कम करके एक पर्यावरण-अनुकूल दीपावली मनाएं।
उनका वीडियो सामने आने के बाद विवाद को हवा मिल गई। राजनीतिक और मनोरंजन जगत से प्रतिक्रियाएं देखने को मिलीं। शिवसेना नेता मनीषा कायंदे ने बढ़ते प्रदूषण को लेकर आईएएनएस के साथ बातचीत में कहा, "मुंबई का एयर क्वालिटी इंडेक्स खराब हो रहा है, इसमें तो कोई दोराय नहीं है। अक्टूबर, नवंबर, दिसंबर के महीने में इस तरह की परेशानियां देखने को मिलती हैं। ये परेशानियां पूरे भारत में देखने को मिलती हैं। मुंबई और दिल्ली जैसे शहरों में इसकी समस्या अलग-अलग होती है। हालांकि, इस पर कुछ नियंत्रण होना चाहिए। हमें त्योहार मनाने के साथ-साथ पर्यावरण को भी बराबर देखने की जरूरत है।"
समाजवादी पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष और विधायक अबू आजमी ने पटाखे फोड़ने को लेकर कहा, "देखिए, यह तो एक तरह की गुंडागर्दी है कि लोग बोल रहे हैं कि हम अपने हिसाब से पटाखे फोड़ेंगे। आप नितेश राणे को देख लीजिए, वे एक जगह बैठकर जो चाहें, वो बोलते हैं। उन्होंने हमेशा संविधान के खिलाफ ही बोला है और सरकार चुपचाप बैठकर देखती है। प्रदूषण एक तरह का मसला है और मैं तमाम लोगों से निवेदन करूंगा कि ये जितने भी छोटे नेता बोल रहे हैं, उनको बोलने दीजिए और कोई भी पोस्ट डिलीट मत कीजिए और सभी लोग कोशिश करें कि हमारी मुंबई की हवा थोड़ी साफ हो। मैं मानता हूं कि पटाखे फोड़ना पूरी तरह से बंद कराना चाहिए।"















