छतरपुर, संदीप यादव। हरपालपुर क्षेत्र की ग्राम पंचायत सरसेड़ के ग्रामीण मंगलवार को कलेक्टर की जनसुनवाई में पहुंचे और सरपंच के खिलाफ शिकायत करते हुए पंचायत में कराए गए विकास कार्यों में कथित अनियमितताओं की जिला स्तर से जांच कराने की मांग की। ग्रामीणों का आरोप है कि करीब 1500 रुपए कीमत वाली स्ट्रीट लाइट को लगभग 6 हजार रुपए प्रति लाइट के हिसाब से खरीदी दिखाकर भुगतान निकाला गया है। ग्रामीणों के अनुसार इस मद में करीब 9 से 10 लाख रुपए का भुगतान किया गया है।


ग्रामीण चित्रकोटी भदौरिया ने बताया कि ग्राम पंचायत में लगाई गई स्ट्रीट लाइट की वास्तविक कीमत लगभग 1500 रुपए है, जबकि बिल में इसकी कीमत करीब 6 हजार रुपए दर्शाई गई है। उनका आरोप है कि इसी तरह आंगनबाड़ी भवन का निर्माण कार्य पिछले करीब छह माह से बंद पड़ा है, जबकि कार्य की पूरी राशि निकाले जाने की बात सामने आई है। ग्रामीणों ने पंचायत में अन्य कार्यों में भी अनियमितता का आरोप लगाते हुए कहा कि उनके पास संबंधित बिल और दस्तावेज उपलब्ध हैं।


ग्रामीणों ने बताया कि पिछले मंगलवार को भी जनसुनवाई में शिकायत दर्ज कराई गई थी। इसके बाद जांच के लिए नौगांव से टीम भेजी गई। ग्रामीणों का कहना है कि जिन अधिकारियों के स्तर से संबंधित बिलों को मंजूरी दी गई, उन्हीं के द्वारा जांच किए जाने से निष्पक्ष जांच को लेकर उन्हें आशंका है। इसलिए उन्होंने जिला स्तर के अधिकारियों से पूरे मामले की स्वतंत्र जांच कराने की मांग की है।


ग्रामीणों का यह भी आरोप है कि शिकायत करने के बाद सरपंच कल्लू प्रजापति द्वारा शिकायतकर्ताओं के खिलाफ थाने और एसपी कार्यालय में शिकायतें की जा रही हैं। ग्रामीणों के मुताबिक पुलिस द्वारा उन्हें बुलाकर मामले की जांच भी की गई। उनका कहना है कि शिकायतों के जरिए उन पर दबाव बनाने का प्रयास किया जा रहा है, ताकि पंचायत में कथित अनियमितताओं की जांच आगे न बढ़े। ग्रामीणों ने कलेक्टर से दस्तावेजों की जांच कराकर दोष पाए जाने पर नियमानुसार कार्रवाई की मांग की है।